स्वाभिमान – के कामेश्वरी
पल्लवी अपने कमरे में कल की एम सेट की परीक्षा की तैयारी में लगी हुई थी । वह अपने माता-पिता की बहुत ही होनहार बेटी थी । दसवीं कक्षा में टॉपर रही थी । उसे किसी भी हालत में इंजीनियरिंग कॉलेज में दाख़िला लेना था इसलिए वह रात को भी जगकर जी जान से पढ़ाई … Read more