उपहार – संजय मृदुल

Post View 314 सुनो जी! इस दीवाली पर दूज के दिन भैया का जन्मदिन भी है कुछ अच्छा लेना है उनके लिए। अनु ने विनय से कहा। क्यों? पीछे से निलय की आवाज आई। क्यों गिफ्ट लेना है उनके लिए। साल में तीन बार तो ऐसे भी देते ही हो गिफ्ट। बदले में वो क्या … Continue reading उपहार – संजय मृदुल