टूटते रिश्ते आज फिर से जुड़ने लगे – मंजू ओमर : Moral Stories in Hindi

Post View 7,301 दीप्ति जैसे ही अपनी सास वसुधा जी के पैर छूने आगे बढ़ी वसुधा जी ने हाथ आगे बढ़ा कर उसे रोक दिया। रहने दो दिखावा करने की कोई जरूरत नहीं है ।बड़ों की इज्जत मन से होती है जब मन में तुम्हारे हमारे लिए कोई इज्जत नहीं है तो ये पैर छूने … Continue reading टूटते रिश्ते आज फिर से जुड़ने लगे – मंजू ओमर : Moral Stories in Hindi