सिर्फ बहू से बेटी बनने की उम्मीद क्यों? – श्वेता अग्रवाल : Moral Stories in Hindi
Post View 883 सुधा की नजरें बहुत देर से एक माॅं- बेटी की जोड़ी पर टिकी हुई थी। वह उन्हें पहचानने की कोशिश कर रही थी। “माॅं, प्लीज मान जाइए ना। यह लाल रंग की ड्रेस आप पर बहुत अच्छी लगेगी।” “देख बेटा, जिद मत कर। मैंने कह दिया ना मैं इतना ब्राइट कलर नहीं … Continue reading सिर्फ बहू से बेटी बनने की उम्मीद क्यों? – श्वेता अग्रवाल : Moral Stories in Hindi
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