ननिहाल – शुभ्रा बैनर्जी : Moral stories in hindi

Post View 25,178 अपनी मां को मायके जाने की उत्सुकता में हड़बड़ाते देखकर सुषमा इस बार पूछ ही बैठी”मां,हर साल तो जाती हो नानी के घर।इतनी गर्मी में तीन-तीन ट्रेन बदलकर जाने में क्या तुक है हर साल?अबकी तुम अकेली ही जाना,मुझे नहीं जाना।”मां का खिला चेहरा पल भर में मुरझाकर पीला पड़ गया था … Continue reading ननिहाल – शुभ्रा बैनर्जी : Moral stories in hindi