मेरी गुरूर है मेरी सास!-Mukesh Kumar

Post View 1,263 रोजाना की तरह आज भी मैंने बच्चों और पति को नाश्ता दे कर बच्चो को स्कूल और पति को जॉब पर भेज दिया था। उसके बाद मैं कुछ देर अपने बालकनी में थोड़ी देर बैठती थी वहाँ पर ठंडी ठंडी हवा आती थी तो बहुत अच्छा लगता था। बालकनी में बैठे हुए … Continue reading मेरी गुरूर है मेरी सास!-Mukesh Kumar