मैं बच्चे पैदा करने की मशीन नहीं बनूँगी – सुल्ताना खातून 

Post View 10,331 रात को एक बजे अपनी चार वर्षीय, बुखार से तपती बेटी को कंधे पर उठाए, वह तेज़ कदमों से चली जा रही थी, ऐसा लग रहा था मानो वह दौड़ रही हो, और कैसे ना दौड़ती माँ थी, उसके नाज़ुक कंधे अब मजबूत हो चुके थे…1 किलो मीटर पैदल चलना उसके लिए … Continue reading मैं बच्चे पैदा करने की मशीन नहीं बनूँगी – सुल्ताना खातून