माधुर्य – कंचन श्रीवास्तव

Post View 183 रवि के जाने के बाद रेखा बिल्कुल अकेली पड़ गई,पड़ती भी क्यों ना हर वक्त उसी के आगे पीछे जो घूमती रहती । उसे तो अंदाजा भी नहीं था कि ऐसा होगा उसकी जिंदगी में ,पर हुआ। अब मरता क्या न करता अपने किए की सजा तो पानी ही है। उसे अच्छे … Continue reading माधुर्य – कंचन श्रीवास्तव