माँ का प्यार – संजय निगम : Moral Stories in Hindi

Post View 245 “सुबह का समय था। सूरज की हल्की किरणें खिड़की से अंदर झांक रही थीं। माँ अपने छोटे बेटे को निहारते हुए मुस्कुरा रही थी। बेटा, जो शायद अभी-अभी चलना सीख रहा था, छोटे-छोटे कदमों से कमरे के एक कोने से दूसरे कोने तक जा रहा था। उसके पैरों की थोड़ी लड़खड़ाहट और … Continue reading माँ का प्यार – संजय निगम : Moral Stories in Hindi