एक स्त्री माँ बनने के बाद ही सम्पूर्ण होती हैं – संगीता त्रिपाठी
Post View 6,317 लो बहन लड्डू खाओ, आज मेरे पुन्नू का जन्मदिन है। विमला जी काँपते हाथों से वृद्धाआश्रम में लड्डू बाँट रही थी। उसके लाडले पुन्नू यानि पुनीत का जन्मदिन है। सब ने उसे बधाई दिया। किसीने पूछा भी -तुम्हारे बेटे ने ही तुमको यहाँ भेजा। मिलने भी नहीं आता कभी,फिर भी तुम उसका … Continue reading एक स्त्री माँ बनने के बाद ही सम्पूर्ण होती हैं – संगीता त्रिपाठी
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