एक जैसा दर्द – अपर्णा गर्ग : Moral Stories in Hindi

Post View 701 क्या हुआ …आज सुबह-सुबह इतना मधुर संगीत क्यों चला दिया? अभी तो आठ भी नहीं बजे… सुधीर का इतना ही कहना था कि रसोई में बरतनों की आवाज और तेज हो गई। हो गई सुबह काली… सुबह नहीं पापा, आज का पूरा दिन ही काला हो गया है। आज मम्मी की मीटिंग … Continue reading एक जैसा दर्द – अपर्णा गर्ग : Moral Stories in Hindi