छोटा बड़ा कुछ भी नहीं होता – सीमा प्रियदर्शिनी सहाय : Moral Stories in Hindi

Post View 28,322 आज दुकान में कावेरी बैठी हुई थी, अपनी मां की जगह।वह लोगों को कपड़े सिल भी रही थी और कस्टमर के सिले कपड़े दे रही थी। तभी वहां एक कार आकर रुकी और उसमें उसकी क्लासमेट रोहिणी उतरी। “ मैंने चार दिन पहले यहां पर  कपड़े दिए थे सिलने के लिए वह … Continue reading छोटा बड़ा कुछ भी नहीं होता – सीमा प्रियदर्शिनी सहाय : Moral Stories in Hindi