बाबुल की गलियां – शिव कुमारी शुक्ला : Moral Stories in Hindi

Post View 21,662 रिया की उम्र करीब पैंतालीस हो गई थी वह स्वयं दो प्यारे से बच्चों की माँ बन गई थी किन्तु अभी भी मायके की याद आते ही उसका मन विचलित हो उठता। बार-बार वह बाबूल के घर, उन गलीयों में स्कूल की यादों में खो जाती और वहां  जा कर एक बार … Continue reading बाबुल की गलियां – शिव कुमारी शुक्ला : Moral Stories in Hindi