औलाद – बालेश्वर गुप्ता : Moral Stories in Hindi

Post View 336        ओह, तो आपको पैसा चाहिये,तो पैसा ही मांगते,फिर ये किसी कार्यक्रम के अध्यक्ष बनाये जाने के एवज में रुपये की मांग क्यों?देखिये मुझे आपके किसी सम्मान की जरूरत नही है।मेरे पास जब तक दौलत है तब तक मेरा सम्मान स्वयं ही सुरक्षित है।       नही-नही, सर ये बात नही है।वह तो सामान्य ऐसा … Continue reading औलाद – बालेश्वर गुप्ता : Moral Stories in Hindi