अपनों के होते हुए अकेलापन आखिर क्यूँ? – ज्योति आहूजा

Post View 956 आज राधेश्याम जी के परिवार में हर तरफ ठहाकों की गूँज सुनाई दे रही थी। राधेश्याम  ग्रोवर जी, नोएडा में रहने वाले एक व्यापारी थे और अपनी पत्नी सुजाता संग जिंदगी के ये वर्ष अकेले व्यतीत कर रहे थे। यूँ कहें तो परिवार बड़ा था, दो बेटे समीर और विशाल नौकरी के … Continue reading अपनों के होते हुए अकेलापन आखिर क्यूँ? – ज्योति आहूजा