अकेलेपन का दर्द – मुकेश कुमार

Post View 744 मैं ऑफिस में काम कर रहा था तभी मेरी पत्नी का फोन आया कि बाबू जी सीढ़ीयों से गिर गए हैं उनकी रीढ़  की हड्डी मे चोट आई  है तुरंत आपको आगरा जाना होगा। मैंने पत्नी से कहा कि मैंने बाबूजी को लाख बार कहा है कि अब  आपकी उम्र नहीं है … Continue reading अकेलेपन का दर्द – मुकेश कुमार