टेसू के रंग – लतिका श्रीवास्तव  : Moral stories in hindi

Post View 1,470 विशाल दालान सूना पड़ा खिलखिलाहटों की बाट जोह रहा था आम्र वृक्षों के नवोदित बौर से सुवासित इस दालान को उन दिनों की मधुर स्मृतियां गुदगुदा रहीं थीं जब फागुन आते ही यह दालान गुंजासुमान हो जाता था नीले पीले लाल हरे बैंगनी ना जाने कितने ही रंगो से किनारे बनवाए गए … Continue reading टेसू के रंग – लतिका श्रीवास्तव  : Moral stories in hindi