माँ तेरे रूप कितने! : Moral stories in hindi

Post View 20,944 Moral stories in hindi : “बहू होना भी किसी गुनाह की सज़ा से कम नहीं है! शादी ही नहीं करनी चाहिए! बँधुआ मजदूरी का ही एक अलग तरीक़ा है ये भी…बस मेरा और काम भी क्या है…दिन भर रंग-रंग के व्यंजन बना कर चराती रहूँ सबको। अपनी ख़ुशी के लिए अपने मन … Continue reading माँ तेरे रूप कितने! : Moral stories in hindi