“पता नहीं किस जमाने में जीती हैं आप”- रश्मि झा मिश्रा : Moral Stories in Hindi

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Moral Stories in Hindi : आज सुबह से ही अम्मा के पेट में दर्द हो रहा था….. यहां वहां बेचैन सी घूम रही थी…. कभी बिस्तर पर लेटती…. तो कभी उठकर टहलने लग जाती…।  सुभाष जब दफ्तर के लिए तैयार हो रहा था तो तनु ने आकर धीरे से बताया कि” लगता है ,आज मां … Read more

बेटी क्यों नहीं…? – विभा गुप्ता : Moral Stories in Hindi

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Moral Stories in Hindi : ” ये क्या भाभी…आपने रजनी को भईया के मोटर गैराज चलाने को दे दिया।हमारे खानदान में तो लड़कियाँ ऐसा काम नहीं करती।वहाँ पर पचास तरह के लोग आते-जाते हैं…लड़की जात है…कुछ ऊँच-नीच हो गया तो…।” तीखे स्वर में सीमा ने अपनी भाभी सुनंदा से कहा।      सुनंदा का पति सोमेश्वर एक मोटर … Read more

किस ज़माने की बात कर रही हो – मंजू ओमर : Moral Stories in Hindi

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Moral Stories in Hindi : राम राम सारा धर्म भ्रष्ट कर दिया क्यों री बहू तूझे क्या यही मिली थी खाना बनाने कोई उच्च कुलीन वर्ग की नहीं मिली कोई चाहे जिस को भी रसोई में घुसा लेती है मैं तो इसके हाथ का पानी भी नहीं पियूंगी अमिता की सांस ने अमिता से कहा … Read more

बेटी के जन्म की दुगुनी खुशियां मनानी चाहिए – निशा जैन : Moral Stories in Hindi

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Moral Stories in Hindi : जानकी जी अपने पति कैलाश जी से बोली सुनिए जी इस बार कहे देती हूं हमारे आकाश और आरती के बच्चे के जन्म की बहुत बड़ी दावत देंगे हम सबको, भगवान  बड़ी मुश्किल से चार सालों बाद हमे दादा दादी बनने का सुख देने जा  रहे हैं। हां हां क्यों … Read more

आधुनिक परिवेश – बालेश्वर गुप्ता : Moral Stories in Hindi

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Moral Stories in Hindi :  बहू क्या भेष बना कर रहती हो,आधुनिक जमाने की हो तो कुछ तो मॉडर्न बनो,ये दकियानूसी पन छोड़ो।      वो-वो माजी,माँ ने बताया था कि शादी के बाद अपने दूसरे घर मे मर्यादा के साथ रहना।सिर पर पल्लू रखना,धीमी आवाज में बोलना,सबका आदर करना।        तो बेटा कुछ गलत शिक्षा तो दी … Read more

बेटा ससुराल को करता बुरा क्यों लगता… –  रश्मि प्रकाश   : Moral Stories in Hindi

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Moral Stories in Hindi :  “ देखो तुम्हारी चिंता तो जायज है, पर ये भी तो समझो ना वो भी अब उसका ही परिवार है….. सरला अपने बच्चे पर भरोसा रखो….एक तो तुम्हारी वो बेकार सी सहेलियाँ जाने क्या पटी पढ़ा जाती तुम्हें और तुम बस चिन्ता में मरी जाती हो…. अरे अपने दिए संस्कार … Read more

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