ननद को भी भाभी की जरूरत होती है। – चाँदनी झा : Moral Stories in Hindi
मधु, कुटिली मुस्कान के साथ,….सोचती है। मुझे ऐसे क्यों भाभी इग्नोर(अनदेखा) करेगी। मैं भला कभी क्यों मायके में रहूंगी? पर आज रंजू के दिल से निकली बददुआ, सच हो गयी माँ। माँ ये मेरे ही कर्मों का फल है, मेरे अहंकार, और मन में भरी कुलिष्ता का बदला है। मैंने रंजू का दिल दुखाया था, … Read more